Background Background
   
Background Background
IRDAI Logo
Border
IRDAI Banner
National Portal
Search  
Border
 
  
 Home >> Guidelines
Visitors count:3642
 Guidelines
Zoom OutDefaultZoom In
Print Print Document  Pdf Download PDF    
Guidelines
Ref. No: IRDA/RI/GDL/SEZ/211/11/2019 Date: 27-11-2019
Insurance Regulatory and Development Authority of India (Registration and Operations of International Financial Service Centre Insurance Offices(IIO)) Guidelines, 2017- Amendments

 

दिशानिर्देश

Guidelines

 

संदर्भ सं.: आईआरडीए/आरआई/जीडीएल/एसईजेड/211/11/2019

Ref. No:IRDA/RI/GDL/SEZ/211/11/2019 27-11-2019

 

भारतीय बीमा विनियामक और विकास प्राधिकरण (अंतरराष्ट्रीय वित्तीय सेवा केन्द्र बीमा कार्यालयों (आईआईओ) का पंजीकरण और परिचालन) दिशानिर्देश, 2017 - संशोधन

Insurance Regulatory and Development Authority of India (Registration and Operations of International Financial Service Centre Insurance Offices(IIO)) Guidelines, 2017- Amendments

 

प्राधिकरण ने संदर्भ सं. आईआरडीए/आरआई/जीडीएल/एसईजेड/269/12/2017 दिनांक 21.12. 2017 के द्वारा अंतरराष्ट्रीय वित्तीय सेवा केन्द्र, एसईजेड में बीमाकर्ताओं और पुनर्बीमाकर्ताओं के पंजीकरण और परिचालनों की प्रक्रिया को विनियमित करने के लिए भारतीय बीमा विनियामक और विकास प्राधिकरण (अंतरराष्ट्रीय वित्तीय सेवा केन्द्र बीमा कार्यालयों (आईआईओ) का पंजीकरण और परिचालन) दिशानिर्देश, 2017 (इन दिशानिर्देशों में इसके बाद `आईआरडीएआई (आईआईओ) दिशानिर्देश, 2017 के रूप में उल्लिखित) जारी किये थे।

The Authority vide Ref. No. IRDA/RI/GDL/SEZ/269/12/2017 dated 21.12.2017 had issued Insurance Regulatory and Development Authority of India {Registration and Operations of International Financial Service Centre Insurance Offices(IIO)} Guidelines, 2017 (herein after referred to as ‘IRDAI (IIO) Guidelines, 2017’) for regulating the process of registration and operations of insurers and reinsurers in International Financial Service Centre, SEZ.

 

2. 2019 के वित्त अधिनियम (सं. 2) के द्वारा बीमा अधिनियम, 1938 के संशोधन के अनुसरण में बीमा अधिनियम की धारा 6 में एक नई उप-धारा (3) निम्नानुसार निविष्ट की जाती हैः

 

कोई भी बीमाकर्ता विशेष आर्थिक जोन अधिनियम, 2005 की धारा 18 की उप धारा (1) में उल्लिखित एक अंतरराष्ट्रीय वित्तीय सेवा केन्द्र में स्थापित शाखा के माध्यम से पुनर्बीमा व्यवसाय में लगी हुई एक विदेशी कंपनी होते हुए, तब तक पंजीकृत नहीं किया जाएगा जब तक कि उसके पास एक हजार करोड़ रुपये से अन्यून निवल स्वाधिकृत निधियाँ न हों।

2. Pursuant to amendment of Insurance Act 1938 by the Finance Act (No.2) of 2019, a new sub section (3) is inserted in section 6 of the Insurance Act as under:

“No insurer, being a foreign company engaged in re-insurance business through a branch established in an International Financial Services Centre referred to in sub section (1) of section 18 of the Special Economic Zones Act, 2005, shall be registered unless it has net owned funds of not less than rupees one thousand crore.”

 

3. उपर्युक्त संशोधन के अनुरूप, प्राधिकरण विशेष आर्थिक जोन अधिनियम, 2005 की धारा 18(2) और आईआरडीए अधिनियम, 1999 की धारा 14 के साथ पठित आईआरडीएआई (विशेष आर्थिक जोन में बीमा व्यवसाय का विनियमन) नियम, 2015 के नियम 3 के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए इसके द्वारा आईआरडीएआई (आईआईओ) दिशानिर्देश, 2017 में निम्नलिखित संशोधन करता हैः

3. In line with the above amendment, the Authority in exercise of the powers conferred under Rule 3 of the IRDAI (Regulation of Insurance Business in Special Economic Zone) Rules, 2015, read with Section 18(2) of the Special Economic Zones Act, 2005 and Section 14 of IRDA Act, 1999 hereby makes the following amendment to the IRDAI (IIO) Guidelines, 2017:

आईआरडीएआई (आईआईओ) दिशानिर्देश, 2017 का खंड 8(ख) प्रतिस्थापित किया जाएगा, अर्थात् :-

Clause 8 (b) of the IRDAI (IIO) Guidelines, 2017 shall be substituted, namely: -

 

`ख. निवल स्वाधिकृत निधि (एनओएफ) ‘b. Net Owned Fund (NOF):

i.              आवेदक, जो पुनर्बीमा व्यवसाय में लगी हुई एक विदेशी कंपनी है तथा एक अंतरराष्ट्रीय वित्तीय सेवा केन्द्र में एक शाखा स्थापित करने का प्रस्ताव करता है, के पास पंजीकरण के लिए आवेदन करते समय बीमा अधिनियम, 1938 की धारा 6 की उप धारा (3) में यथाविनिर्दिष्ट निवल स्वाधिकृत निधियाँ (एनओएफ) भी होंगी।

The Applicant, which is a foreign company engaged in re-insurance business and proposes to establish a branch in an International Financial Services Centre, shall also have net owned funds (NOF) as specified in sub section (3) of section 6 of the Insurance Act, 1938 at the time of application for registration.

 

ii.             ऐसी एनओएफ आवेदक के द्वारा अपने पंजीकरण की अवस्थिति और विधिमान्यता के दौरान हर समय अनुरक्षित की जाएगी।

Such NOF shall be maintained by the applicant at all times during the subsistence and validity of its registration.

 

बशर्ते कि आवेदक प्राधिकरण को आवेदक कंपनी की शेयरधारिता के स्वरूप अथवा स्वामित्व में परिवर्तन, यदि कोई हो, के बारे में ऐसा परिवर्तन लागू होने के तीस दिन के अंदर सूचित करेगा।

Provided that the applicant shall inform the Authority about change in shareholding pattern or ownership of applicant company, if any, within thirty days of effecting such change.’

 

4. आईआरडीएआई (आईआईओ) दिशानिर्देश, 2017 के सभी अन्य उपबंध अपरिवर्तित रहेंगे।

4. All other provisions of IRDAI (IIO) Guidelines, 2017 shall remain unaltered.

 

इसे सक्षम प्राधिकारी का अनुमोदन प्राप्त है।

This has approval of the Competent Authority.


 

सुरेश माथुर Suresh Mathur

कार्यकारी निदेशक Executive Director

 

  
Border TransBG Border
 
Visitors count : 51891426 © 2013 Insurance Regulatory and Development Authority of India. All Right Reserved.
The Site is Optimized and best viewed in Internet Explorer 9 and above (1024x768) setting.
| Disclaimer
 
Border TransBG Border